बल्लभगढ़: सांवरिया सरकार परिवार का सष्ठम वार्षिक महोत्सव 6 जून को अग्रवाल धर्मशाल के सामने ग्राउंड चावला कॉलोनी में बहुत ही धूमधाम से मनाया गया।इस वार्षिक महोत्सव में सांवरिया सरकार परिवार द्वारा बाबा श्याम के कीर्तन का आयोजन किया गया और इस आयोजन से पहले 5 जून को बाबा की निशान यात्रा बहुत ही धूमधाम से निकल गई यह यात्रा पथवारी मंदिर चावला कॉलोनी से चलकर मुख्य बाजारों से होती हुई उत्सव स्थल तक पहुंची जिसमें ढोल नगाड़ों व बैंड बाजो के साथ बाबा की निशान यात्रा हजारों की संख्या में निकाली गई। इस यात्रा में खाटू श्याम जी का स्वरूप लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र रहा 6 जून को हुए सष्ठम वार्षिक उत्सव में श्याम बाबा का फूलों से सजा स्वरूप ओर दरबार, 56 भोग, बाबा की रसोई और प्रांगण में आए हुए सभी श्रद्धालुओं के लिए ठंडक भरी इत्र वर्षा भक्तों के लिए आकर्षण का केंद्र रही।
सांवरिया सरकार परिवार के सष्ठम महोत्सव कीर्तन में आए हुए श्याम बाबा के भजन गायक आकृति मिश्रा,श्रेष्ठ दीक्षित,अभिनव एरन,खुशराम सेठी,राजेश गोयल ने बाबा के सुंदर-सुंदर मंत्र मुग्ध भजनों से गुणगान किया। शिवम इंटरनेशनल की तरफ से बाबा के चरणों में आर्केस्ट्रा की हाजिरी लगाकर इस कार्यक्रम को चार चांद लगा दिया। बाबा के भक्तों को बाबा के दर्शन करने में कोई भी परेशानी ना हो उसके लिए लाइन लगवा कर बारी-बारी से बाबा की ज्योत पर घी चढ़ाने और दर्शन करने का कार्य सांवरिया परिवार के सदस्यों द्वारा बा खूबी निभाया गया। राधे राधे ओर जय श्री श्याम के उदघोष से पूरा प्रांगण भक्तिमय हो गया।भक्तों ने बाबा के भजनों पर खूब नाच झूमकर अपनी श्रद्धा भाव बाबा के चरणों में अर्पण किया।
बुजुर्ग महिला व पुरुषों के लिए अलग से दर्शन करने की व्यवस्था बनाई गई थी। सांवरिया सरकार परिवार के प्रधान सेतु मित्तल ने बताया कि कार्यक्रम को बहुत ही सुंदर भव्य रूप देने के लिए श्री सांवरिया सरकार परिवार के श्री कृष्ण मित्तल, प्रवीण कुमार,गुलशन मित्तल, नरेंद्र मित्तल, अभिषेक अग्रवाल, शुभम,ललित, दीपांशु गुप्ता, राजेश मित्तल, गौरव गुप्ता , प्रेम प्रकाश, यशु जैन, मोहित वशिष्ठ,नितिन गोयल,मदन गोपाल,,कपिल मित्तल और अनेकों सेवादार बाबा के इस भव्य कार्यक्रम में अपना श्रम दान कर सहयोग किया। उन्होंने बताया कि ऐसे धार्मिक कार्य करने का उद्देश्य उनका वह उनकी कमेटी का बस यही है कि प्रत्येक व्यक्ति को बाबा श्याम के नाम से जोड़ना और सभी के अंदर भक्ति भाव पैदा करना है।


