गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को लेटर लिखा। उन्होंने नीट पेपर लीक पर छात्रों के प्रदर्शन के मुद्दे पर चर्चा के लिए समय तय करने की मांग की।
इससे पहले सुबह सदन के बाहर शाह ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा को तैयार है, लेकिन विपक्ष सदन को चलने दे।
इस पर नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा, ‘हमें उनका लेक्चर नहीं सुनना है। पहले ये बताएं कि जंतर-मंतर पर छात्रों पर गोलियां किसने चलवाईं। उन्होंने आदेश नहीं दिया तो वे इस्तीफा दें।’
इस बीच सरकार ने FCRA संशोधन बिल, 2026 को जॉइंट पार्लियामेंट्री कमेटी यानी JPC के पास भेजने का प्रस्ताव लोकसभा में रखा, जिसे मंजूरी मिल गई। समिति में लोकसभा के 21 और राज्यसभा के 10 सदस्य होंगे।राहुल ने कहा- स्टूडेंट्स को गोली किसने मारी? स्टूडेंट्स को कीलों वाली लाठियों से पीटने का ऑर्डर किसने दिया? क्या अमित शाह ने हमारे बच्चों को गोली मारने का ऑर्डर दिया था? अगर उन्होंने दिया है, तो उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए।
राहुल ने आगे कहा- शाह घर के सामने हजार पुलिस वाले खड़े होते हैं। 30 गाड़ियां उनके आगे पीछे होती हैं कि कहीं कोई बच्चा न आ जाए। पिछले 20 दिनों से अमित शाह गायब हैं। गृह मंत्री में हिम्मत नहीं है। वह सदन में नहीं आ सकते।
गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को लेटर लिखा। उन्होंने कहा, आप जानते हैं कि संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कार्य मंत्रणा समिति (BAC) की बैठक के दौरान सरकार की ओर से NEET परीक्षा को लेकर छात्रों के प्रदर्शन पर संसद में चर्चा कराने पर सहमति जताई है।
मैं यह भी बताना चाहता हूं कि विपक्ष की मांग से पहले ही संसद के मौजूदा सत्र में एंटी पेपर लीक बिल पेश किया गया। उस समय विपक्ष के किसी भी सदस्य ने सदन में NEET परीक्षा से जुड़े मुद्दे पर अपनी बात नहीं रखी थी।
इसके बावजूद सरकार इस मुद्दे पर दोबारा चर्चा के लिए तैयार है। मेरा अनुरोध है कि आप विपक्ष से चर्चा करें और आपसी सहमति के आधार पर आज से इस मुद्दे पर चर्चा के लिए जितना समय, दिन या घंटे उचित समझें, निर्धारित करें।


