तमिलनाडु विधानसभा में बुधवार को मुख्यमंत्री विजय की TVK सरकार ने फ्लोर टेस्ट पास कर लिया। वोटिंग के वक्त सदन में 171 विधायक मौजूद थे। इनमें 144 ने TVK का समर्थन किया।
TVK के पक्ष में AIADMK के 25 बागी विधायकों नें भी वोट डाला। AIADMK के 47 विधायक हैं। 22 ने TVK सरकार का विरोध किया। फ्लोर टेस्ट में 59 विधायकों वाली DMK ने वॉकआउट कर दिया। सदन मे मौजूद PMK के 4 और BJP के एक विधायक वोटिंग में शामिल नहीं हुए।
फ्लोर टेस्ट के साथ AIADMK में फूट भी पड़ गई । पार्टी पलानीस्वीमी और सीवी षणमुगम में गुट में बंट गई।
सदन में विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने AIADMK के बागी विधायकों और विजय की मुलाकात पर कहा कि यह मुलाकात बदलाव है या सौदेबाजी? क्या यही आपकी साफ-सुथरी सरकार है? TVK सरकार को इंस्टाग्राम Reel के जरिए नहीं, बल्कि Real गवर्नेंस करनी चाहिए।
इस पर सीएम विजय ने कहा हमारी सरकार सेक्युलर तरीके से घोड़े की रफ्तार से काम करेगी न कि हॉर्स ट्रेडिंग में शामिल होगी।
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के रिजल्ट आए, जिसमें विजय की पार्टी ने कुल 234 सीटों में से सबसे ज्यादा 108 सीटें जीतीं। DMK को 59 और AIADMK को 47 सीटें मिलीं। छोटे-छोटे दल और अन्य को 20 सीटें मिलीं। सरकार बनाने के लिए 118 का बहुमत किसी को नहीं मिला।
कांग्रेस ने DMK से गठबंधन तोड़कर TVK को समर्थन देने का ऐलान किया। कांग्रेस नेताओं ने TVK के दफ्तर पहुंचकर विजय को समर्थन पत्र सौंपा। इस तरह विधायकों की संख्या 113 हो गई। लेकिन अब भी बहुमत से 5 विधायकों की संख्या कम थी।
एक्टर विजय गवर्नर के पास सरकार बनाने का दावा पेश करने के लिए गए, लेकिन गवर्नर ने बहुमत की संख्या पूरी न होने की वजह से उन्हें लौटा दिया।
लेफ्ट पार्टियों CPI और CPI(M) ने अपने 2-2 विधायकों के साथ TVK को समर्थन देने का ऐलान किया। विजय ने राज्यपाल से लगातार दूसरे दिन मुलाकात की। राज्यपाल ने फिर 118 विधायकों का समर्थन दिखाने को कहा। विजय थोड़ा समय मांगकर वापस लौट गए।
विजय की पार्टी TVK ने VCK से समर्थन मिलने का दावा किया। शाम को विजय लगातार तीसरे दिन फिर गवर्नर के पास पहुंचे, लेकिन देर रात तक VCK ने समर्थन देने की पुष्टि नहीं की। मामला फंस गया। शपथ फिर टल गई।
IUML और VCK ने TVK को समर्थन दिया। दोनों पार्टियां पहले समर्थन देने से इनकार कर रही थीं। इसके कारण 7 मई और 9 मई को विजय की शपथ टल गई थी। विजय के हजारों फैन चेन्नई के जवाहरलाल नेहरू इंडोर स्टेडियम से निराश लौट गए थे। इनके समर्थन से अब विधायकों की संख्या 121 हो गई है। बहुमत 118 से 3 ज्यादा।


