असली तृणमूल कांग्रेस (TMC) को लेकर ममता बनर्जी और बागी गुट में खींचतान तेज हो गई है। बागी गुट के दावे के एक दिन बाद मंगलवार को TMC ने चुनाव आयोग को पार्टी के पदाधिकारियों और नेशनल वर्किंग कमेटी की नई लिस्ट भेजी है।
लिस्ट में ममता बनर्जी को पार्टी का अध्यक्ष बताया गया है। सुभ्रत बक्शी को उपाध्यक्ष और अभिषेक बनर्जी को राष्ट्रीय महासचिव बताया है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, चुनाव आयोग को भेजी गई लिस्ट 20 जून तक की संगठनात्मक स्थिति के आधार पर तैयार की गई है।
इससे एक दिन पहले TMC के बागी गुट के नेता ऋतब्रत बनर्जी ने TMC की पैरलल वर्किंग कमेटी का ऐलान किया था। विधायक अरूप रॉय अध्यक्ष चुना था।
TMC की लिस्ट के मुताबिक, ममता, सुभ्रत, अभिषेक, डेरेक ओ’ब्रायन और डोला सेन जैसे 6 बड़े नेताओं के अलावा नेशनल वर्किंग कमेटी में कुल 24 नाम हैं। इनमें चंद्रिमा भट्टाचार्य, अमित मित्रा, राजेश पति त्रिपाठी, असीमा पात्रा, मलय घटक, गौतम देव, शोभनदेव चट्टोपाध्याय, बुलु चिक बराइक, मुकुल संगमा, बैस्वानोर चट्टोपाध्याय, बीरबाहा हांसदा, कल्याण बनर्जी, सौगत रॉय, नदीमुल हक, मदन मित्रा, बिमान बनर्जी, महुआ मोइत्रा और कुणाल घोष को भी रखा गया है।
TMC नेता कुणाल घोष ने सोमवार को बागी गुट पर पार्टी के नाम का गलत इस्तेमाल करने का आरोप लगाया। वहीं, TMC सांसद सौगत रॉय ने भी बागी गुट को महत्व देने से इनकार किया। उन्होंने कहा कि ममता ने पार्टी बनाई है और वही इसकी सबसे बड़ी पहचान हैं।
इधर, हुगली के तारकेश्वर नगरपालिका के पूर्व चेयरमैन और TMC नेता सपन सामंत के खिलाफ लोगों का गुस्सा देखने को मिला। लोगों ने उन्हें जूतों की माला पहनाकर घुमाया। सपन सामंत से कान पकड़कर उठक-बैठक भी कराई। उन पर अंडे और टमाटर भी फेंके।
यह घटना 22 जून की है। वीडियो आज सामने आया। प्रदर्शन कर रहे लोगों का आरोप है कि सपन सामंत भ्रष्टाचार में शामिल रहे हैं। इसी के विरोध में लोगों ने उनके खिलाफ प्रदर्शन किया।


