उत्तर, मध्य और दक्षिण भारत में बारिश का दौर जारी है। छत्तीसगढ़ में मंगलवार को भारी बारिश हुई। इससे कांकेर के चारामा में नेशनल हाईवे-30 पर घुटनों तक पानी भर गया। मनेंद्रगढ़ के जनकपुर में बारिश का पानी लोगों के घर में घुस गया। पेंड्रा में आंधी से कई पेड़ टूटकर गिर गए।
यूपी के गाजियाबाद में तेज बारिश के साथ ओले गिरे। बारिश के कारण पूरे यूपी में अधिकतम तापमान 40°C से नीचे आ गया है। इससे लोगों को गर्मी से राहत मिली है। राजस्थान में बाड़मेर और फलोदी को छोड़कर बाकी सभी शहरों में तापमान 40°C से नीचे रहा।
इधर, बिहार और मध्य प्रदेश में भी बारिश का दौर जारी है। बिहार में पिछले 24 घंटे में 89.7 MM बारिश रिकॉर्ड की गई, जो सामान्य से 182% अधिक है। राज्य में 7 मई तक आंधी-बारिश जारी रहेगी। MP के 28 जिलों में बुधवार को तेज आंधी के साथ बारिश का अलर्ट है।
भारतीय मौसम के लिहाज से आने वाले दिन काफी उथल-पुथल भरे साबित हो सकते हैं। एक तरफ जहां अरब सागर में मानसून-पूर्व चक्रवाती तूफान के संकेत मिल रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ राहत दे रही बारिश और तेज हवाओं के थमने के बाद उत्तर भारत में गर्मी का नया दौर शुरू होने जा रहा है।
देश के अधिकांश हिस्सों में आंधी और बारिश का दौर जारी है, लेकिन यह स्थिति 10 मई के बाद पूरी तरह बदलने वाली है। मौसम वैज्ञानिकों और ऐतिहासिक आंकड़ों के विश्लेषण से पता चला है कि 10 मई के आसपास दक्षिण-पूर्वी अरब सागर के भूमध्यरेखीय क्षेत्र में एक चक्रवाती सिस्टम बन सकता है। इससे बारिश-तूफान संभव है।
आमतौर पर अरब सागर में अप्रैल और मई के शुरुआती हफ्तों में तूफानों की दर काफी कम रहती है, इसलिए यदि यह सिस्टम मजबूत होता है तो इसे एक अपवाद माना जाएगा।


